पाली। पाली मे नगर सुधार न्यास का गठन, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने किया गया था। और अधयक्ष किसी को नही बनाया था। और कुछ समय बाद विधान सभा कार्यकाल पूर्ण चुनाव करवाये गये। तो सरकार बदल गयी। और भाजपा सरकार मे विधायक मदन राठोड ने अध्यक्ष संजय औझा पाली मे मनोनित किया गया। उसके बाद फिर विधायको का कार्यकाल पूर्ण और पांच साल बाद फिर सरकार बदल गयी। फिर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत,और पांच साल तक किसी मर्जीदान को अध्यक्ष मनोनित नहीं कर सके। और फिर चुनाव विधायको के आये। चुनाव संपन्न करवाये तो भाजपा की सरकार बनी। और उसके मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा बने, उसको भी दो साल की अवधि समाप्त,मगर अध्यक्ष का पद आज दिन तक खाली, आखिर कयो? तो कया वजह, अगर कोई अध्यक्ष के काबिल नही है। तो पहले मदन राठोड ने संजय औझा को बनवाने मे काफी पसीना आया था। लेकिन अभी तो राजसथान का भाजपा प्रदेश अधयक्ष है। अगर किसी को अध्यक्ष मनोनित करने का मानस है। तो अध्यक्ष का पद खाली कयो? भाजपा जिला मे अध्यक्ष के काबिल कोई नहीं,या मर्जीदान नही, या ऐसी कया वजह है,जिसकी वजह से अध्यक्ष पद भाजपा की सरकार के दो साल मे भी मनोनित कयो नही? अध्यक्ष पद का प्रबल दावेदार कौन? संजय ओझा को ही वापिस बना देवे। या महेंद्र बोहरा, सुनील भंडारी, सोहन गौतम,रामकिशौर साबू,नारायण कुमावत, मूलसिह भाटी,त्रिलोक चौधरी आदी इनमे से या पूर्व विधायक ज्ञानचंद पारख को ही अध्यक्ष मनोनित कयो नही कर दिया जाये। कम से कम पद तो भरेगा। अन्यथा पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की तरह मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी अध्यक्ष पद पांच साल तक खाली ही रखेगे कया। ताकि राजस्थान सरकार को नगर सुधार न्यास,पाली के लिए बजट ही आवंटित नही करना पड़ेगा। और जिला कलेक्टर ही प्रशासक यानी अध्यक्ष बने रहेगे।या पाली के भाग्य मे नगर सुधार न्यास द्वारा विकास,नसीब मे ही नही। देखते है कि ऊँट किस करवट बैठता है?
(छगनलाल भारद्वाज प्रधान संपादक गौतम उजाला पाली) मो. -9509070217
Author: Gautam Ujala
CHHAGAN LAL BHARDWAJ, Chief Additor, Pali( Rajsthan) mo-95090 70217


