रूप से करवाई जाकर आरोपीयों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही किये जाने बाबत्।
महोदयजी,
उपरोक्त विषयान्तर्गत निवेदन है कि शहर पाली से करीबन 7 किमी दूर औद्योगिक थाना के निकट स्थित जगतनाडी नामक का एका स्थान है जहां पर बाल्लाजी मंदिर, महादेव जी मंदिर स्थित है। जहां पर संत सोहनदास जी महाराज पिछले करीबन 35 वर्षों से पूजा अर्चना की जा रही है व सार्वजनिक पशु पक्षीयो की सेवा निस्वार्थ भावना से करते आ रहे है। सत सोहनदास जी महाराज से पूर्व में संत श्री कृष्णा महाराज वहां पूजा अर्चना करते थे उनके देवलोक होने के बाद संत सोहनदासजी महाराज द्वारा पूजा अर्चना व सेवाए की जा रही है। इसी जगतनाडी स्थान पर महोदव जी मंदिर के पास 5 बाई 5 फीट का पुराना धुणा स्थित है। जो क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण व धुणे की 2-3 छीणे नीचे गिर जाने के कारण भविष्य में किसी प्रकार की कोई अनहोनी घटना नहीं हो इसलिये संत सोहनदास जी महाराज ने कुछ प्रमुख व्यक्तियो से मिलकर नया निर्माण करवाया जाना तय किया गया था। इसी दरमियान पूर्व संत श्री कृष्णा महाराज के पोते सतपाल बजारा, रोशन बंजारा व अन्य साथी गोटारराम बंजारा, सुरखाराम बंजारा, हुकमाराम बजारा, द्वारा मनगढ़त कहानी अपने नांव में जाकर अपने समाज के लोगो को भ्रमित करके एकत्रित करके जो की वहां वर्तमान में सेवा चाकरी कर रहे संत सोहनदास जी महाराज के पास गये वहां पर संत श्री सोहनदास महाराज के साथ भारपीट की और जाने से मारने की धमकी दी और कहां कि यहां से चले जाना ये सम्पति हमारे परिवार की निजी सम्पति है। यहां से अगर नहीं गये तो आपके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज करवाकर जेल में डलवा देंगे। तब संत श्री सोहनदास जी महाराज ने कहां कि मैं किसी भी सूरत में यहां से नहीं जाउंगा मैं आत्मदाह कर लूंगा। तब इन लोगो ने संत श्री सोहनदास महाराज को झुठे मामले में फंसाने के लिये मनगढत कहानी शराब का सेवन करने, तामसिक भोजन का सेवन करने व झुठे आरोप लगाकर श्रीमान पुलिस अधीक्षक पाली व श्रीमान जिला कलेक्टर महोदय के समक्ष प्रार्थना पत्र दिया गया। प्रार्थना पत्र में लगाये गये झूठे आरोपो के तहत पिछले 5 वर्षों से मंदिर परिसर में किसी प्रकार का चुल्हा नहीं है ना ही भोजन बनाने की कोई व्यवस्था है। पिछले 5 वर्षों से भोजन प्रसादी की व्यवस्था वन्दे मात्रम विद्यालय हॉस्टल द्वारा की जा रही है। इस प्रकार संत श्री सोहनदास जी महाराज के उपर लगाये गये आरोपी बिलकुल बेबुनियाद व झूठे है केवलमात्र महाराज को झुठे मामले में फंसाने की नियत से व मंदिर की सम्पति हडपने की नियत से प्रार्थना पत्र दिया गया है। संत श्री सोहनदास जी महाराज एक संयासी व्यक्ति है जिनके आगे पीछे कोई परिवार का व्यक्ति नहीं है।
अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि संत श्री सोहनदास जी महाराज के खिलाफ प्रस्तुत की रिपोर्ट की जांच निष्पक्ष रूप से करवाई जाकर आरोपीयो के खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही किये जाने की कृपा करावें।
इति दिनांक 12.08.2026



हस्ताक्षर
समस्त ग्रामवासी भालेलाव, भाम्बोलाई, राईको की ढाणी पाली
जोगेन्दहि कानाराम
Author: Gautam Ujala
CHHAGAN LAL BHARDWAJ, Chief Additor, Pali( Rajsthan) mo-95090 70217



